नवकार महामंत्र की गूंज से दुनिया में फैली शांति की लहर, जीतो के आयोजन को मिला ज़बरदस्त रिस्पॉन्स




इस बार जीतो ने ऐसा आयोजन किया कि जिसने भी देखा या सुना, वो तारीफ़ किए बिना रह नहीं सका। नवकार महामंत्र दिवस के मौके पर पूरे देश और दुनिया में एक खास माहौल बन गया। सुबह से ही हर शहर, हर गांव में लोग एक जगह इकट्ठा हुए, और एक साथ नवकार महामंत्र का जाप किया। मंदिरों में, सभागृहों में, कॉलोनियों के पार्कों में – हर तरफ बस मंत्र की पवित्र ध्वनि गूंज रही थी।

बच्चे, बड़े, बुज़ुर्ग – सभी उमंग और श्रद्धा के साथ जुड़ गए। लाखों लोग तो खुद कार्यक्रमों में पहुँचे और करोड़ों ने मोबाइल, टीवी, यूट्यूब से जुड़कर इस आयोजन का हिस्सा बनकर उसे और भी खास बना दिया। ऐसा लगा जैसे पूरा समाज एक धागे में बंध गया हो, एक ही भावना के साथ – शांति, प्रार्थना और एकता।

सबसे अच्छी बात ये रही कि इसमें सिर्फ जैन समाज ही नहीं, बाकी समुदायों के लोगों ने भी दिल से हिस्सा लिया। सबने इसे विश्व कल्याण का मंत्र माना और इसकी गहराई को महसूस किया। हर तरफ से संत, समाजसेवी, कलाकार, गीतकार, संगीतकार, नेता, उद्योगपति – सभी लोग इसमें जुड़े। यहां तक कि देश के प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री भी इस पहल के साथ नजर आए।

इस आयोजन ने दिखा दिया कि जब सोच नेक हो और इरादा मजबूत, तो समाज की ताकत क्या कुछ नहीं कर सकती। ये सिर्फ एक धार्मिक कार्यक्रम नहीं था, ये एक संदेश था – साथ चलने का, साथ सोचने का और सबके लिए कुछ अच्छा करने का। नवकार महामंत्र की गूंज ने हर दिल को छू लिया और एक नई उम्मीद, नई ऊर्जा सबमें भर दी।

जीतो की ये पहल लंबे समय तक याद रखी जाएगी। खास बात ये है कि अब इसे विश्व नवकार महामंत्र दिवस के रूप में आधिकारिक मान्यता दिलाने के लिए भी लगातार प्रयास हो रहे हैं, ताकि इस आध्यात्मिक पर्व को अंतरराष्ट्रीय मंच पर वह दर्जा मिले, जिसका ये हकदार है।




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