अब टोल प्लाज़ा पर रुकने की झंझट खत्म – रास्ता जितना तय करोगे, उतना ही टोल कटेगा


विशेष संवाददाता
अब हाईवे पर सफर करना और भी आसान होने वाला है। सरकार ने फैसला लिया है कि देश में जल्द ही GPS यानी जीपीएस सिस्टम से टोल वसूली शुरू की जाएगी। यानी अब टोल प्लाज़ा पर रुकने की जरूरत नहीं पड़ेगी, और न ही फास्टैग लगाने या स्कैन करने की झंझट रहेगी।

इस नए सिस्टम में आपकी गाड़ी में एक छोटा सा डिवाइस (जिसे OBU यानी ऑन-बोर्ड यूनिट कहा जा रहा है) लगाया जाएगा। यह डिवाइस सैटेलाइट से जुड़ा रहेगा और आपकी गाड़ी ने कितनी दूरी तय की, इसकी पूरी जानकारी देगा। उसी के हिसाब से आपके खाते से टोल अपने आप कट जाएगा।

इसका सबसे बड़ा फायदा ये होगा कि अब जितना रास्ता तय करोगे, सिर्फ उतने का ही टोल लगेगा। जैसे अभी होता है कि पूरा टोल देना पड़ता है, चाहे आप आधे रास्ते ही क्यों न जाओ। अब ऐसा नहीं होगा। और एक और अच्छी बात ये है कि अगर आपकी यात्रा 20 किलोमीटर से कम की है, तो आपसे कोई टोल भी नहीं लिया जाएगा।

सरकार का कहना है कि अप्रैल के आखिर तक इसका ट्रायल शुरू कर दिया जाएगा और मई 2025 तक इसे पूरे देश में लागू कर दिया जाएगा। शुरुआत में ये नई व्यवस्था फास्टैग के साथ-साथ चलेगी, ताकि लोगों को समायोजित होने का समय मिल सके।

इससे टोल प्लाज़ा पर लगने वाला जाम खत्म होगा, ईंधन बचेगा और सफर का समय भी कम होगा। टोल वसूली भी पारदर्शी हो जाएगी और भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी।

हालांकि शुरुआत में कुछ चुनौतियाँ भी होंगी, जैसे हर गाड़ी में OBU डिवाइस लगवाना और GPS सिस्टम को पूरी तरह सटीक बनाना। लेकिन अगर ये सब ठीक से हुआ, तो भारत दुनिया के उन गिने-चुने देशों में शामिल हो जाएगा जहाँ टोल सैटेलाइट से वसूला जाता है।




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