गढ़ सिवाना में होगा चातुर्मास का ऐतिहासिक संगम: प्रमुख पदाधिकारियों की घोषणा
गढ़ सिवाना नगर के धार्मिक और आध्यात्मिक जीवन में यह एक स्वर्णिम अवसर है। श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ, गढ़ सिवाना की विनती स्वीकार कर पूज्य ज्ञान गच्छाधिपति श्रुतधर पंडित 1008 श्री प्रकाशमुनीजी महाराज साहब ने इस वर्ष के चातुर्मास के लिए गढ़ सिवाना को चुना है। यह नगर के धर्म प्रेमी समाजजनों के लिए एक गौरवशाली क्षण है कि वे इस पावन अवसर के साक्षी बनेंगे। चातुर्मासिक वर्षावास के दौरान नगर में आध्यात्मिक उन्नति, धार्मिक अनुष्ठान, स्वाध्याय, तपस्या और प्रवचन की अविरत धारा प्रवाहित होगी।
इस महत्त्वपूर्ण आयोजन को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए समाज के प्रतिष्ठित और समर्पित व्यक्तियों को जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं। मुख्य संयोजक के रूप में श्री राजमलजी कानूंगा (सूरत) की नियुक्ति की गई है, जबकि सह संयोजक की जिम्मेदारी श्री किशनजी छाजेड़ (अहमदाबाद) और श्री गणपतजी बागरेचा (हैदराबाद) को सौंपी गई है। इसके अतिरिक्त, अध्यक्ष पद पर श्री खीमराजजी जिन्नानी (अहमदाबाद) तथा मंत्री पद पर श्री सुरेशकुमारजी चोरड़िया (सूरत) अपनी सेवाएं प्रदान करेंगे। इन समर्पित समाज सेवकों के नेतृत्व में यह चातुर्मासिक आयोजन पूरे नगर के लिए एक अविस्मरणीय आध्यात्मिक अनुभव बनेगा।
इस पावन अवसर पर प्रवासी बंधुओं से विशेष आह्वान किया गया है कि वे इस पुण्यकाल में अपने ग्रह द्वार खोलकर स्थिरता करें और अधिकतम समय धर्म आराधना में व्यतीत करें। चातुर्मास आत्मशुद्धि और आध्यात्मिक स्थिरता का कालखंड होता है, जिसमें गुरु चरणों में रहकर साधना करने का विशेष महत्व है। गढ़ सिवाना के जैन समाज ने सदैव संतों की सेवा और साधना में अपना अभूतपूर्व योगदान दिया है, और इस बार भी धर्म प्रेमी बंधु पूरे समर्पण के साथ आगे आ रहे हैं।
चातुर्मास के दौरान नगर में धार्मिक जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रवचन, तपस्या, स्वाध्याय सत्र, सेवा कार्य, दान, भक्ति संगीत और विविध धार्मिक प्रतियोगिताएँ आयोजित की जाएंगी। समाज के युवाओं और बच्चों को भी धर्म से जुड़ने का विशेष अवसर मिलेगा, जिससे धार्मिक संस्कारों की नई पीढ़ी तैयार होगी। नगर में चारों ओर आध्यात्मिकता की सुगंध फैलेगी और धार्मिक वातावरण और अधिक सशक्त होगा।
श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ, गढ़ सिवाना के नेतृत्व में यह चातुर्मासिक आयोजन नगर को एक नई धार्मिक ऊँचाई पर ले जाएगा। समस्त समाज की ओर से सभी संयोजकों, पदाधिकारियों और धर्म प्रेमी बंधुओं को इस महान आध्यात्मिक अवसर पर हार्दिक बधाई दी है।


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